नैनीताल
डीएम ने योजनाओं को समयबद्ध व गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूर्ण कराते हुए शत प्रतिशत धनराशि व्यय करने के दिये निर्देश
सीएन, भीमताल/नैनीताल। गुरुवार को विकास भवन भीमताल सभागार में जिला सैक्टर, राज्य सैक्टर, केन्द्र पोषित, बाहृय सहायतित एवं बीस सूत्री कार्यक्रम की मासिक प्रगति की समीक्षा करते हुये जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल ने सभी विभागों से आए अधिकारियों को योजनाओं को समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूर्ण कराते हुए शत प्रतिशत धनराशि व्यय करने के दिये निर्देश। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश देते हुये कहा कि जनपद के आवंटित बजट को वित्तीय वर्ष समाप्ति से पूर्व व्यय कर लिया जाए ताकि विकास कार्य रूके नही और लक्ष्य समय पर पूर्ण हो, जो योजनाओं के क्रियान्वयन के लिए महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा सभी विभाग भौतिक प्रगति एवं वित्तीय प्रगति के साथ पारदर्शिता से कार्य कर समय से भुगतान करना सुनिश्चित करें। बीस सूत्रीय कार्यक्रम की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने कहा कि जिस प्रकार विगत माहों में विभागों द्वारा बेहतर कार्य करते हुए अच्छी प्रगति प्राप्त की है आगे मार्च तक भी सभी विभाग ए श्रेणी बनाए रखें। जिलाधिकारी ने स्वास्थ्य विभाग द्वारा गर्भवती महिलाओं के टीकाकरण लक्ष्य के सापेक्ष धीमी गति पर नाराजगी व्यक्त करते हुये मुख्य चिकित्साधिकारी को निर्देश देते हुये कहा कि तत्काल सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र एवं अपक केन्द्र वार टीकाकरण का रोस्टर तैयार कर टीकाकरण कार्य कर शत प्रतिशत लक्ष्य की पूर्ति करें।* उन्होंने कहा कि इस कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही क्षम्य नहीं होगी। जिलाधिकारी ने कहा कि बीस सूत्री कार्यक्रमों के लिए जनपद के जिन विभागों को योजनाओं के क्रियान्वयन हेतु जो लक्ष्य निर्धारित किये गये है उन लक्ष्यों को इसी मांह पूर्ण करते हुए ए श्रेणी प्राप्त करें। बैठक में उरेडा विभाग के अधिकारी के साथ ही कोई भी समकक्ष अधिकारी उपस्थित न होने के कारण विभाग की समीक्षा नहीं हो पाई इस पर जिलाधिकारी ने कड़ी नाराजगी व्यक्त करते हुए परियोजना अधिकारी उरेडा का स्पष्टीकरण लेने के निर्देश दिए गए। जिलाधिकारी ने मुख्य पशुचिकित्साधिकारी को निर्देश दिये कि जिले के पर्वतीय क्षेत्रों में वन्यजीव आदमखोरो की सक्रिया को देखते हुये पर्वतीय क्षेत्रों के पशुपालक (पुरूष/महिला) जंगल में चारा हेतु ना जांए पशुपालकों को समय से चारा उपलब्ध हो इस हेतु आपदा निधि से जो धनराशि उपलब्ध कराई गई है उससे इन प्रभावित क्षेत्र के पशुपालकों को तुरंत ही पशु आहार उपलब्ध कराना सुनिश्चिित करेें। जिलाधिकारी ने कृषि विभाग के अधिकारियो को निर्देश दिये कि प्रत्येक विकास खण्ड के ऐसे 5-5 गांवों का चिन्हिकरण करें जो गांव वन आच्छादित क्षेत्रों के निकट है और उन गांवों में बहुतायत मात्रा में खेती होती है लेकिन जंगली जानवरों के द्वारा खेती को नुकसान किया जाता है इसके लिए सोलर फैंसिंग, तार बाढ़ का प्रस्ताव बनाते हुए कार्ययोजना तैयार की जाय ताकि किसानों की समस्या का समाधान हो और उनकी आय में भी बढ़ोतरी हो सके। बैठक में जिला पूर्ति अधिकारी को निर्देश दिये कि पर्वतीय क्षेत्रों में राशन की उपलब्धता समयसीमा के अन्तर्गत नियमित की जाए,खाद्यान्न का नियमित उठान हो यह सुनिश्चित करें।बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने हल्द्वानी एवं नैनीताल नगर अंतर्गत बार-बार पेज लाइन लीकेज की शिकायत पर कड़ी नाराजगी जताते हुए जल संस्थान के अधिकारियों को पेयजल लाइन लीकेज ठीक करने हेतु ऐसी सभी पेयजल लाइनों की मरम्मत का कार्य। शीघ्रता से पूर्ण करने के निर्देश दिए। इस दौरान जिलाधिकारी ने सभी सड़क निर्माण एजेंसियों से आए अधिकारियों को सड़कों की लगातार निगरानी रखते हुए सुचारू आवागमन के निर्देश दिए। समीक्षा के दौरान विधायक निधि अंतर्गत कम धनराशि व्यय पर जिलाधिकारी ने जिला विकास अधिकारी को निर्देश दिए कि माननीय विधायकों को अनुरोध पत्र जारी करते हुए प्रस्ताव प्राप्त कर शीघ्र ही धनराशि जारी करें। बैठक में जिलाधिकारी ने कृषि, उद्यान, भेषण, समेत समस्त खंड विकास अधिकारियों को आपसी समन्वय करते हुए शीतकाल में लगाए जाने वाले पौधों को तुरंत ही किसानों को उपलब्ध कराते हुए पौधारोपण कराए जाने के निर्देश दिए। साथ ही उन्होंने सूची प्रकाशन के संबंध में भी विभागों को आवश्यक निर्देश दिए। बैठक मेें प्रभारी मुख्य विकास अधिकारी व जिला विकास अधिकारी गोपाल गिरि गोस्वामी जिलाअर्थसंख्याधिकारी डा. मुकेश सिंह नेगी सहित समस्त विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।















































