नैनीताल
जनपद नैनीताल की वर्ष 2026-27 की ₹7018.90 लाख की जिला योजना अनुमोदित
सीएन, हल्द्वानी। जनपद प्रभारी मंत्री श्री खजान दास की अध्यक्षता में शनिवार को प्रसार प्रशिक्षण केन्द्र सभागार, बागजाला में जिला योजना समिति नैनीताल की बैठक संपन्न हुई। बैठक में वित्तीय वर्ष 2026-27 हेतु *जनपद नैनीताल की ₹7018.90 लाख की जिला योजना सर्वसम्मति से अनुमोदित* की गई। इससे पूर्व जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल द्वारा सभी सदस्यों का स्वागत करते हुए प्रस्तावित जिला योजना के बारे में सदन को अवगत कराया गया। जिलाधिकारी ने अवगत कराया की जिला योजना में विभागों द्वारा माननीय जनप्रतिनिधियों से प्राप्त प्रस्तावों को प्रमुखता से शामिल करते हुए गत वर्ष के चालू कार्यों को पूर्ण करने के साथ ही बचनबद्ध एवं रोजगार परख योजनाओं को प्रमुखता से शामिल किया गया है। उन्होंने कहा कि जिले का बजट समानुपाती व प्रत्येक क्षेत्र के विकास हेतु प्रस्तावित किया गया है।सभी आठों विकासखंड को शामिल किया गया है मितव्ययिता का ध्यान रखा गया है। व पिछड़े क्षेत्र को प्राथमिकता देते हुए मुख्यधारा में लाए जाने हेतु योजनाओं को रखा गया है। उन्होंने कहा कि सभी विकास कार्यों की जियो टैगिंग भी की जाएगा। मुख्य विकास अधिकारी अरविन्द कुमार पाण्डे द्वारा सदन में विभागवार प्रस्तावित बजट अनुमोदन हेतु प्रस्तुत किया गया। जिसमें विभागों से आए अधिकारियों द्वारा विभाग के अंतर्गत विभिन्न मदों में प्रस्तावित योजनाओं व गत वित्तीय वर्ष की प्रगति की भी जानकारी सदन को दी गई। बैठक में गत वित्तीय वर्ष में जिले में सभी विभागों द्वारा शतप्रतिशत धनराशि का उपयोग करने पर माननीय मंत्री द्वारा सभी को बधाई दी।बैठक में कुल 37 विभागों को वित्तीय वर्ष 2026-27 हेतु बजट अनुमोदित किया गया। बैठक में जनपद प्रभारी मंत्री ने सभी विभागों से आए अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि जिला योजना अंतर्गत प्राप्त धनराशि को समय पर शत प्रतिशत व्यय सुनिश्चित किया जाय।उन्होंने कहा कि विकास कार्यों में पूर्ण मितव्ययिता, पारदर्शिता, गुणवत्ता एवं समय बद्धता का विशेष ध्यान रखा जाए। उन्होंने कहा कि स्वीकृत योजनांतर्गत आवंटित धनराशि का *शत-प्रतिशत व्यय इसी वित्तीय वर्ष में* करना अनिवार्य होगा,इसका विशेष ध्यान रखना होगा।उन्होंने कहा कि विकास कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जो भी अधिकारी लापरवाही करेगा उसके विरुद्ध कार्यवाही की जाएगी। उन्होंने सभी अधिकारियों से कहा कि जनता के हित में कार्य किया जाएगा। उन्होंने कहा कि 2047 तक विकसित भारत की परिकल्पना को साकार करने के लिए सभी मिलकर आपसी समन्वय से कार्य करें। बैठक के दौरान माननीय मंत्री ने आगामी पर्यटन सीजन को देखते हुए अधिकारियों को निर्देश दिए की जनपद में आने वाले पर्यटकों के साथ ही विश्व प्रसिद्ध श्री कैंचीधाम मंदिर के दर्शन को आने वाले श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की समस्या ना हो इस हेतु सभी आवश्यक व्यवस्थाएं यथा समय सुनिश्चित की जाय। उन्होंने कहा कि श्री कैंचीधाम के दर्शन करने वाले श्रद्धालुओं को आसानी से बाबा के दर्शन हो जाए इसे हेतु वाहन पार्किग सहित क्षेत्र में सभी समुचित व्यवस्था सुदृढ़ रखी जाय। जनपद प्रभारी मंत्री श्री खजान दास ने स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा कि सड़क, स्वास्थ्य, शिक्षा पेयजल को विशेष प्राथमिकता दी जाय, उन्होंने विभिन्न क्षेत्रों में जल जीवन मिशन अंतर्गत किए गए कार्यों की उपस्थिति जनप्रतिनिधियों द्वारा की गई शिकायत की गंभीरता पूर्वक लेते हुए समय पर समस्या व शिकायतों के निस्तारण के निर्देश पेयजल विभाग के अधिकारियों को दिए उन्होंने कहा कि *कार्य न करने वाले अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्यवाही* की जाएगी। उन्होंने कहा कि धरातल पर कार्य दिखना चाहिए। उन्होंने सड़कों को गड्ढामुक्त रखने के भी निर्देश सभी सड़क निर्माण एजेंसियों को दिए। बैठक में विभिन्न सदस्यों द्वारा अपने क्षेत्र से संबंधित विभिन्न समस्याओं को माननीय मंत्री के सम्मुख प्रमुखता से रखा गया। बैठक में कुल 70 करोड़ 18 लाख 90 हजार रुपए की जिला योजना को अनुमोदित किया गया। जिसमें प्रमुख विभाग लोक निर्माण विभाग का 10 करोड़, जल संस्थान का 6 करोड़, युवा कल्याण का 5 करोड़ 80 लाख, सिंचाई विभाग का 4 करोड़ 25 लाख, उद्यान विभाग का 4 करोड़, पशुपालन विभाग का 3 करोड़ 10 लाख, नलकूप का 3 करोड़ 12 लाख, कृषि विभाग का 2 करोड़ 40 लाख, सहित विभिन्न विभागों के परिवहन को अनुमोदित किया गया। बैठक में माननीय कैबिनेट मंत्री राम सिंह कैड़ा, अध्यक्ष जिला पंचायत दीपा दरमवाल, विधायक कालाढूंगी बंशीधर भगत, रामनगर दीवान सिंह बिष्ट, लालकुआं डॉ मोहन सिंह बिष्ट, नैनीताल सरिता आर्या,भाजपा जिलाध्यक्ष प्रताप सिंह बिष्ट, उत्तराखंड सरकार में दायित्वधारी डॉअनिल कपूर डब्बू, दिनेश आर्य, नवीन लाल वर्मा, ध्रुव रौतेला, भावना मेहरा, सांसद प्रतिनिधि गोपाल रावत, ओबीसी आयोग के सदस्य डॉ जेड ए वारसी, सभी आठों विकास खण्डों से आए क्षेत्र प्रमुख, समिति के अन्य सदस्य व विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।












































