आपदा
कृष्णापुर के तप्पड़ नामक स्थान पर भारी भूस्खलन व भूधंसाव से मजदूरों के आवास क्षतिग्रस्त, कृष्णापुर मार्ग में बड़ी दरारें उभरी, सिपाहीधारा बोल्डर से खतरा जस का तस, विभाग मौन
सीएन, नैनीताल। सरोवर नगरी की तलहटी संवेदनशील बलियानाला क्षेत्र के कृष्णापुर की पहाड़ी में लगातार भूस्खलन व भूधंसाव की घटनाएं हो रही हैं। बीती रात पार्वती प्रेमा जगाती विद्यालय के पास बने आवास के ठीक ऊपर वाली पहाड़ी के बहुत बड़े हिस्से में कटाव व धंसाव हुआ है। जिस कारण यह शैड धंस गये है। हांलाकि इन टीन शैड से बने आवासों में बलियानाला ट्रीटमेंट में लगे मजदूर रह रह रहे थे। भूस्खलन के खतरे को देखते हुए मजदूरों ने समय रहते आवास खाली कर दिये, जिससे अनहोनी टल गई। मल्ला कृष्णापुर के तप्पड़ नामक स्थान पर भारी भूधंसाव देखा गया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि भूस्खलन व भूधंसाव को समय रहते नही रोका गया तो यहां बड़ी झील बनने की पूरी संभावना है। मालूम हो कि नैनीताल से जुड़े भूस्खलन प्रभावित बलियानाला में भूस्खलन रोकने के लिए लगभग 200 करोड़ से ट्रीटमेंट चल.रहा है। बीते दिनों भारी बारिश के चलते बलियानाला के दूसरी कैलाखान वाली पहाड़ी में भूस्खलन शुरू हो गया है। इस भूस्खलन से अब कैलाखान आबादी वाले क्षेत्रों को खतरा उत्पन्न हो गया है। बीती रात कृष्णापुर इलाके तप्पड़ में भूस्खलन व भूधंसाव की घटना से स्थानीय लोग दहशत में हैं। कृष्णापुर निवासी व पूर्व नैनीताल नगरपालिका उपाध्यक्ष डीएन भट्ट का कहना है कि बीती रात भूधंसाव के कारण तप्पड़ के निकट बने टीन शैड क्षतिग्रस्त हो गये। इनमें रह रहे मजदूर समय सेे पहले वहां से चले गये, अन्यथा कोई बड़ी अनहोनी हो सकती थी। भट्ट ने बताया कि बीते दिनों से हो रही वर्षा से कृष्णापुर क्षेत्र में कई स्थानों में बड़ी दरारें आ चुकी हैं। इस संवेदनशील क्षेत्र की सुध लेने कोई भी प्रशासन के लोग नही पहुंचे हैं। सिपाही धारे में खतरनाक बन चुके बोल्डर को भी रामभरोसे छोड़ दिखा गया है। प्रशासन कोई बड़ी अनहोनी का इंतजार कर रहा है। मालूम हो कि नैनीताल की तलहटी से सटे भूस्खलन प्रभावित बलियानाला पिछले पांच दशक से दरक रहा है। हालांकि कुछ अति संवेदनशील इलाके में स्थाई ट्रीटमेंट किया जा रहा है लेकिन अब अन्य हिस्सों में पहाड़ियों का दरकना शुरू हो गया है, जो नैनीताल के अस्तित्व के लिए भारी खतरा पैदा कर सकता है।



























































